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वायु ने 6 घंटे में रास्ता बदला; वेरावल-पोरबंदर के पास से गुजर जाएगा, लेकिन भारी बारिश के आसार

  • वायु के गुरुवार दोपहर तक गुजरात तट से टकराने का अनुमान था, 3 लाख लोग सुरक्षित स्थानों पर भेजे गए
  • मौसम विभाग ने कहा- चक्रवात वेरावल, पोरबंदर, द्वारका और सौराष्ट्र के पास से गुजरेगा, खतरे की कोई बात नहीं
  • मुंबई से 400 उड़ानों की आवाजाही प्रभावित, वेरावल से मुंबई की दूरी करीब 900 किमी
  • पोरबंदर, दीव, भावनगर, केशोड और कांडला एयरपोर्ट पर गुरुवार देर रात तक उड़ानें बंद रहेंगी

अहमदाबाद. अरब सागर में उठा वायु चक्रवात गुजरात तट से नहीं टकराएगा। मौसम विभाग की वैज्ञानिक मनोरमा मोहंती ने गुरुवार सुबह बताया कि पिछले 6 घंटों में तूफान की दिशा बदली है। फिलहाल यह वेरावल से 130 किमी दक्षिण-पश्चिम और पोरबंदर से 180 किमी दक्षिण में है। चक्रवात वेरावल, पोरबंदर, द्वारका और सौराष्ट्र तट के पास से गुजरेगा। इस दौरान हवाओं की रफ्तार 135-160 किमी/घंटा तक हो सकती है। दीव, गिर, सोमनाथ, जूनागढ़, पोरबंदर और द्वारका में भारी बारिश हो सकती है। यहां के 500 से ज्यादा गांव खाली करा लिए गए। बुधवार रात तक तीन लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।

मुंबई में 400 उड़ानों पर असर
वायु चक्रवात के चलते मुंबई में 400 उड़ानों पर असर पड़ा। एक अफसर के मुताबिक, खराब मौसम की वजह बुधवार को मुंबई से टेकऑफ करने वाली 194 और लैंड करने वाली 192 फ्लाइट्स में देरी हुई। 2 फ्लाइट्स का रूट डाइवर्ट किया गया। मुंबई से रोज 900 विमानों की आवाजाही होती है।

मुंबई मौसम विभाग के मुताबिक- चक्रवात का फैलाव 900 किमी से ज्यादा है। वायु गुजरात से टकराए या न टकराए, लेकिन सिस्टम से होने वाला खतरा बना हुआ है। तेज हवा और भारी बारिश होने की संभावना है। लिहाजा बचाव की पूरी तैयारी रखनी होगी। गुजरात के वेरावल से मुंबई के बीच की दूरी करीब 900 किमी है।

मुंबई में उच्च ज्वार का अनुमान, सभी बीच बंद किए गए 
वायु चक्रवात को देखते हुए मुंबई में 12 और 13 जून को उच्च ज्वार आने का अनुमान है। मुंबई और कोंकण क्षेत्र के सभी बीच लोगों के लिए बंद कर दिए गए हैं। मौसम विभाग ने लोगों और मछुआरों से अपील की है कि वे बीच से दूर रहें।

एनडीआरएफ की 52 टीमें तैनात

  • केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ट्वीट किया, ‘‘गुजरात से अब तक तीन लाख लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए हैं। अकेले दीव से 10 हजार से ज्यादा लोगों को निचले इलाकों से सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया है।’’ 
  • गुजरात में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन (एनडीआरएफ) की 52 टीमें तैनात की गई हैं। राज्य आपदा प्रबंधन की 9 टीमें और 300 मरीन कमांडो की भी तैनाती की गई है। चुनिंदा जगहों पर तट रक्षक बल के 9 हेलिकॉप्टर रखे गए हैं।
  • मौसम विभाग की चेतावनी के बाद एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने पोरबंदर, दीव, भावनगर, केशोड और कांडला एयरपोर्ट पर गुरुवार देर रात तक उड़ानों का परिचालन बंद रखने का फैसला किया है।  
  • पश्चिम रेलवे ने 70 ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं। 28 ट्रेनों के सफर की दूरी कम कर दी गई है। 
  • रक्षा विभाग ने बुधवार को बताया कि सेना के 10 कॉलम गुजरात में तैनात किए गए हैं। ये कॉलम जामनगर, गिर, द्वारका, पोरबंदर, जामनगर, सोमनाथ, मोरबी, भावनगर, राजकोट और अमरेली में तैनात हैं। एक कॉलम में 70 सैनिक होते हैं। 24 अन्य कॉलम को स्टैंड बाय पर रखा गया है। 
  • वायुसेना ने गुजरात के कुछ इलाकों में मीडियम लिफ्ट और लाइट यूटिलिटी हेलिकॉप्टर तैनात किए हैं। नौसेना ने P8i एयरक्राफ्ट और IL-76 ट्रांसपोर्टर एयरक्राफ्ट तैयार रखा है।

तटीय इलाकों में स्कूल-कॉलेज बंद 
वायु से निपटने के लिए गुजरात प्रशासन हाई अलर्ट पर है। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि प्रशासन ओडिशा सरकार के साथ संपर्क में है, ताकि तूफान फैनी के जैसे नुकसान को कम करने के तरीकों की जानकारी मिल सके। सभी कर्मचारियों को छुट्टी रद्द कर ड्यूटी पर लौटने को कहा है। तटीय इलाकों में सभी स्कूल, कॉलेज और आंगनवाड़ी केंद्रों को 13 और 14 जून को बंद रखा जाएगा।

Source: bhaskar.com

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