देश

मोदी ने इमरान की तरफ देखा भी नहीं, पाक पीएम बोले- उम्मीद है कश्मीर समेत सभी मुद्दे हल होंगे

  • मोदी और इमरान किर्गिस्तान के राष्ट्रपति के अनौपचारिक भोज में शामिल हुए, पर बात नहीं हुई
  • मोदी ने चीन के राष्ट्रपति के सामने पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का मुद्दा उठाया

बिश्केक. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तान के पीएम इमरान खान के बीच शंघाई समिट में कोई मुलाकात नहीं हुई। दोनों नेता दो दिवसीय शंघाई समिट में शामिल होने के लिए किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक गए हैं। शुक्रवार को समिट का आखिरी दिन हैं। समिट के लिए जाने से पहले इमरान ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के रिश्ते सबसे निम्न स्तर पर हैं। उम्मीद है कि मोदी कश्मीर समेत सभी मुद्दों को हल करेंगे।

पहले दिन किर्गिस्तान के राष्ट्रपति ने एससीओ नेताओं को अनौपचारिक भोज दिया। प्रधानमंत्री मोदी और इमरान खान भी इसमें शामिल हुए थे। सूत्रों के मुताबिक, इस दौरान मोदी ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री की ओर देखा तक नहीं। भारत पहले ही कह चुका है कि एससीओ समिट के दौरान मोदी और इमरान की बैठक का कोई कार्यक्रम नहीं है। इमरान पहले ही मोदी को पत्र लिखकर बातचीत की मांग कर चुके हैं। मोदी ने पिछले साल चीन में हुई समिट के दौरान तत्कालीन पाक राष्ट्रपति ममनून हुसैन से हाथ मिलाया था।

भारत-पाक के रिश्ते अभी सबसे निचले स्तर पर: इमरान 

इमरान ने एक इंटरव्यू में कहा कि अभी भारत और पाकिस्तान के रिश्ते सबसे निचले स्तर पर हैं। उम्मीद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आम चुनावों में मिले बहुमत का इस्तेमाल कश्मीर समेत सभी मुद्दों को हल करने में करेंगे। शंघाई समिट हमारे लिए भारत के साथ-साथ अन्य पड़ोसी देशों के साथ संबंध बढ़ाने का बेहतर मौका है। पाकिस्तान पड़ोसी देशों के साथ शांतिपूर्ण रिश्तों को लेकर किसी भी तरह की मध्यस्थता के लिए तैयार रहा है। भारत-पाक के बीच हुए तीन युद्धों से काफी नुकसान हुआ और आज दोनों देश गरीबी से लड़ रहे हैं।

पाकिस्तान वार्ता के लिए आतंकवाद मुक्त माहौल बनाए: भारत
प्रधानमंत्री मोदी ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बैठक में आतंकवाद से लड़ाई का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि भारत को उम्मीद है कि पाकिस्तान आतंकवाद मुक्त माहौल तैयार करने के लिए ठोस कदम उठाएगा ताकि दोनों देशों के बीच वार्ता फिर शुरू हो सके। पुलवामा हमले के बाद दोनों देशों के बीच तनाव बना हुआ है। भारत पहले ही कह चुका है कि आतंकवाद और बातचीत साथ-साथ नहीं चल सकती है।

Source: bhaskar.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *